शेख़ हसीना की बांग्लादेश वापसी: भारत के लिए रणनीतिक, आर्थिक और सुरक्षा के मायने
बांग्लादेश की राजनीतिक हलचलों का सीधा प्रभाव हमेशा से भारत पर पड़ता रहा है। अगस्त 2024 में बांग्लादेश में हुए तख्तापलट और राजनीतिक उथल-पुथल के बाद पूर्व प्रधानमंत्री शेख़ हसीना को ढाका छोड़कर भारत में शरण लेनी पड़ी थी। इसके बाद से ही बांग्लादेश की बागडोर अंतरिम सरकार के हाथों में है और भारत-बांग्लादेश संबंधों … Read more