आजकल सोशल मीडिया पर व्यूज और लाइक्स हासिल करने के लिए लोग किस हद तक जा सकते हैं, इसका अंदाजा लगाना भी मुश्किल होता जा रहा है। विशेष रूप से टेक-इनफ्लुएंसर्स और कंटेंट क्रिएटर्स नए और बेहद महंगे स्मार्टफोन के साथ तरह-तरह के अनोखे और खौफनाक एक्सपेरिमेंट करते रहते हैं। कोई फोन को ऊंचाई से गिराकर उसकी मजबूती परखता है, तो कोई उसे पानी या बर्फ के जमा देने वाले तापमान में डालकर उसका ‘ड्यूरेबिलिटी टेस्ट’ करता है। लेकिन हाल ही में इंटरनेट पर एक ऐसा वीडियो वायरल हो रहा है, जिसे देखकर आप दांतों तले उंगली दबा लेंगे। एक सिरफिरे क्रिएटर ने प्रीमियम सेगमेंट के सबसे महंगे और लेटेस्ट iPhone 18 Pro Max को सीधे उबलती हुई खौलती चाय में डाल दिया!
जी हां, आपने बिल्कुल सही सुना। जिस फोन को खरीदने के लिए आम इंसान अपनी जेब का पूरा बजट टटोलता है और महीनों तक प्लानिंग करता है, उस लाखों रुपये के आईफोन को जलती हुई आंच पर उबलती चाय के बर्तन में फेंक दिया गया। इस खौफनाक स्टंट का वीडियो जैसे ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अपलोड हुआ, वह आग की तरह फैल गया। वीडियो देखने के बाद नेटिजन्स हैरान हैं और इस बात पर यकीन नहीं कर पा रहे हैं कि कोई इतने कीमती डिवाइस के साथ ऐसी हरकत कैसे कर सकता है। लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि इस जानलेवा टेस्ट के बाद फोन का क्या हाल हुआ? क्या वह जलकर खाक हो गया, या फिर आईफोन की तकनीक ने एक बार फिर सभी को चौंका दिया? आइए आपको बताते हैं इस वायरल वीडियो की पूरी सच्चाई और फोन का अंतिम नतीजा।
क्या है पूरा मामला और कैसे किया गया यह एक्सपेरिमेंट?
वायरल हो रहे इस वीडियो में देखा जा सकता है कि एक कंटेंट क्रिएटर रसोई में बर्नर पर रखी एक केतली या बर्तन में चाय बना रहा होता है। चाय पूरी तरह से खौल रही होती है और उससे भाप निकल रही होती है। चाय का तापमान लगभग 100 डिग्री सेल्सियस के आसपास होता है, जो किसी भी इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के नाजुक पार्ट्स को तुरंत पिघलाने या तबाह करने के लिए काफी है।
इसी बीच, क्रिएटर अपने हाथ में बिल्कुल चमचमाता हुआ एप्पल का फ्लैगशिप स्मार्टफोन iPhone 18 Pro Max लेता है। बिना किसी झिझक के, वह फोन को सीधे खौलती हुई गरम चाय के अंदर डाल देता है। वीडियो में साफ दिखता है कि फोन चाय के अंदर पूरी तरह से डूब जाता है और बर्तन के नीचे बैठ जाता है। गरम चाय में गिरते ही आईफोन की स्क्रीन पर बुलबुले उठने लगते हैं और चाय की भाप फोन के चारों ओर से निकलने लगती है।
क्रिएटर केवल एक या दो सेकंड के लिए फोन को अंदर नहीं रखता, बल्कि वह उसे कई मिनटों तक उस खौलती चाय में उबलने देता है। यह दृश्य किसी भी टेक प्रेमी का दिल नहलाने के लिए काफी था। चाय का लाल-भूरा रंग और उसकी गर्मी फोन की स्क्रीन, कैमरा लेंस, स्पीकर ग्रिल और चार्जिंग पोर्ट में प्रवेश करने की कोशिश कर रही होती है। वीडियो के इस हिस्से को देखकर कमेंट सेक्शन में लोगों की चीख निकल गई।
उबलने के बाद जब बाहर निकाला गया फोन, तो क्या हुआ?
लगभग दो से तीन मिनट तक खौलती चाय में उबलने के बाद, चिमटे की मदद से iPhone 18 Pro Max को बर्तन से बाहर निकाला जाता है। फोन से गर्म चाय टपक रही होती है और पूरा डिवाइस चाय की पत्ती और भाप से ढका होता है। क्रिएटर तुरंत फोन को ठंडे पानी से धोता है ताकि उस पर लगी चाय और चिपचिपापन साफ हो सके।
इसके बाद आता है वह पल जिसका इंतजार वीडियो देख रहे लाखों लोग सांस रोककर कर रहे थे—क्या फोन चालू होगा या वह हमेशा के लिए एक महंगा खिलौना बन चुका है?
जैसे ही फोन को सूखे कपड़े से पोंछकर उसका पावर बटन दबाया जाता है, हर कोई हैरान रह जाता है। शुरुआती कुछ सेकंड तक स्क्रीन पर कोई हलचल नहीं होती, लेकिन तभी अचानक स्क्रीन पर एप्पल का लोगो (Apple Logo) चमक उठता है! फोन चालू हो जाता है।
इसके बाद क्रिएटर फोन की टचस्क्रीन, कैमरा, और स्पीकर की जांच करता है:
- डिस्प्ले और टच रिस्पॉन्स: हैरानी की बात यह रही कि उबलती चाय की भयंकर गर्मी के बावजूद फोन की स्क्रीन पूरी तरह सुरक्षित थी। टच स्क्रीन बिल्कुल सही तरीके से काम कर रही थी और उसमें कोई ‘डेड पिक्सेल’ या बर्न मार्क देखने को नहीं मिला।
- कैमरा लेंस: पीछे का ट्रिपल-कैमरा सेटअप और उसका टाइटेनियम/ग्लास मॉड्यूल भी सुरक्षित नजर आया। हालांकि, अत्यधिक गर्मी के कारण लेंस के अंदर हल्की भाप (Condensation) जम गई थी, जिससे तस्वीरें धुंधली आ रही थीं।
- स्पीकर और साउंड क्वालिटी: सबसे ज्यादा असर फोन के स्पीकर पर पड़ा। चाय की पत्ती और लिक्विड स्पीकर ग्रिल में चले जाने के कारण फोन से आने वाली आवाज बेहद धीमी और फटी-फटी (Muffled) आ रही थी।
- वार्निंग मैसेज: फोन ऑन होते ही स्क्रीन पर ओवरहीटिंग (Overheating Warning) और पोर्ट में लिक्विड डिटेक्ट होने का मैसेज (Liquid Detected in Connector) फ्लैश होने लगा, जिसने चार्जिंग सिस्टम को कुछ समय के लिए खुद-ब-खुद बंद कर दिया था।
एप्पल की इंजीनियरिंग का कमाल या सिर्फ किस्मत?
एप्पल के लेटेस्ट आईफोन मॉडल्स अपने बिल्ड क्वालिटी और वाटर-रेसिस्टेंट रेटिंग (IP68 Rating) के लिए जाने जाते हैं। आधिकारिक तौर पर IP68 रेटिंग का मतलब होता है कि फोन 6 मीटर तक गहरे साफ पानी में करीब 30 मिनट तक रह सकता है। लेकिन ध्यान देने वाली बात यह है कि यह रेटिंग सामान्य कमरे के तापमान वाले साफ पानी के लिए होती है, न कि गर्म, खौलती हुई चाय या दूध जैसे गाढ़े लिक्विड के लिए!
गर्म लिक्विड किसी भी वाटरप्रूफ सील (Adhesive/Gasket) को बहुत तेजी से पिघला देता है। इस एक्सपेरिमेंट में आईफोन का बचना किसी चमत्कार या एप्पल की एडवांस्ड थर्मल मैनेजमेंट और टाइटेनियम बॉडी सीलिंग का नतीजा माना जा सकता है। हालांकि, फोन भले ही तुरंत ऑन हो गया हो, लेकिन अंदरूनी पार्ट्स (जैसे मदरबोर्ड, बैटरी और इंटरनल सेंसर्स) में चाय का पानी पहुंचने के कारण कुछ ही दिनों में जंग (Corrosion) लगने की पूरी संभावना रहती है, जिससे फोन हमेशा के लिए खराब हो सकता है।
सोशल मीडिया पर मचा बवाल: यूजर्स ने लगाई क्लास
इस वीडियो के वायरल होते ही इंटरनेट दो धड़ों में बंट गया है। जहां कुछ लोग आईफोन की मजबूती और उसकी तकनीक की तारीफ कर रहे हैं, वहीं ज्यादातर लोग इस तरह के गैर-जिम्मेदाराना स्टंट की कड़ी निंदा कर रहे हैं।
एक यूजर ने गुस्से में लिखा, “दुनिया में लाखों लोग एक अच्छा फोन खरीदने का सपना देखते हैं और ये लोग केवल कुछ व्यूज के लिए लाखों का फोन चाय में उबाल रहे हैं। यह पैसों की सरासर बर्बादी है।”
वहीं दूसरे यूजर ने चुटकी लेते हुए लिखा, “अब आईफोन से भी अदरक-इलायची वाली चाय की खुशबू आएगी! अगली बार इसे कुकर में उबालकर देखना चाहिए।”
कई टेक एक्सपर्ट्स ने भी इस वीडियो पर अपनी चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि इस तरह के एक्सपेरिमेंट्स बेहद खतरनाक हो सकते हैं। स्मार्टफोन में लिथियम-आयन (Lithium-ion) बैटरी होती है। जब बैटरी को उबलते पानी या चाय जैसे अत्यधिक तापमान के संपर्क में लाया जाता है, तो बैटरी के अंदर रासायनिक दबाव बढ़ जाता है। इससे बैटरी में ब्लास्ट (विस्फोट) हो सकता है या भयंकर आग लग सकती है, जिससे क्रिएटर को गंभीर चोट आ सकती थी।
भूलकर भी न करें घर पर ऐसा एक्सपेरिमेंट!
यदि आपके पास भी आईफोन या कोई अन्य वाटरप्रूफ स्मार्टफोन है, तो इस वीडियो को देखकर ऐसा कोई भी कारनामा अपने फोन के साथ दोहराने की गलती बिल्कुल न करें।
- वारंटी समाप्त: पानी या किसी भी लिक्विड (चाहे वह चाय हो या पानी) से होने वाले नुकसान को एप्पल या कोई भी अन्य कंपनी अपनी वारंटी (Standard Warranty) के तहत कवर नहीं करती है।
- बैटरी ब्लास्ट का खतरा: अत्यधिक गर्मी से फोन की बैटरी फट सकती है।
- इंटरनल डैमेज: चाय में मौजूद चीनी और दूध सूखने के बाद फोन के मदरबोर्ड और चिपसेट को हमेशा के लिए शॉर्ट-सर्किट कर सकते हैं।
संक्षेप में कहें तो, iPhone 18 Pro Max ने खौलती चाय के इस खतरनाक ‘टी-टेस्ट’ (Tea Test) को पार करके यह तो साबित कर दिया कि उसकी बिल्ड क्वालिटी बेजोड़ है, लेकिन यह स्टंट न सिर्फ पैसों की बर्बादी था बल्कि बेहद खतरनाक भी था। सोशल मीडिया के इस दौर में व्यूज की अंधी दौड़ में लोग सुरक्षा के मानकों को पूरी तरह से भूलते जा रहे हैं।