जनसमाज संवाददाता,नई दिल्ली: हफ्ते की शुरुआत भारतीय शेयर बाजार के लिए शानदार और राहत भरी खबर लेकर आई है। पिछले कुछ कारोबारी सत्रों से जारी मंदी और बिकवाली के दौर पर लगाम लगाते हुए आज शेयर बाजार ने जबरदस्त तेजी के साथ धमाकेदार शुरुआत की है। शुरुआती कारोबार में ही बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का प्रमुख संवेदी सूचकांक सेंसेक्स करीब 600 अंक की छलांग लगाकर हरे निशान पर कारोबार करने लगा। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 50 भी 150 से अधिक अंकों की तेजी दर्ज करते हुए बढ़त के साथ आगे बढ़ रहा है।
वैश्विक बाजारों से मिले-जुले लेकिन सकारात्मक संकेतों, कच्चे तेल की कीमतों में आई स्थिरता और घरेलू संस्थागत निवेशकों की ओर से हुई चौतरफा खरीदारी ने बाजार में दोबारा जान फूंक दी है। चौतरफा लिवाली के चलते बीएसई पर सूचीबद्ध कंपनियों के कुल बाजार पूंजीकरण (Market Cap) में भी भारी इजाफा देखने को मिला है, जिससे निवेशकों को मिनटों में अरबों रुपये का फायदा हुआ है।
बाजार की शुरुआती चाल: मुख्य आंकड़े
कारोबार शुरू होते ही बाजार के दोनों मुख्य इंडेक्स में खरीदारी का तगड़ा रुझान देखने को मिला।
- सेंसेक्स (BSE Sensex): आज सुबह सेंसेक्स हरे निशान के साथ खुला और देखते ही देखते 600 अंकों से ज्यादा चढ़कर दिन के उच्च स्तर को छू गया। सेंसेक्स के 30 में से अधिकांश शेयर मजबूती के साथ ट्रेड करते दिखे।
- निफ्टी (NSE Nifty 50): निफ्टी 50 ने भी शानदार रफ्तार पकड़ी और 150 से अधिक अंक उछलकर मजबूती दर्ज की।
- ब्रॉड मार्केट का हाल: केवल मुख्य सूचकांक ही नहीं, बल्कि निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में भी 1% तक की बढ़त दर्ज की गई। इससे साफ है कि तेजी केवल चुनिंदा बड़े शेयरों तक सीमित न होकर पूरे बाजार में फैली हुई है।
शेयर बाजार में अचानक आई इस तेजी के 5 प्रमुख कारण
निवेशक लंबे समय से बाजार में किसी सकारात्मक ट्रिगर की तलाश में थे। विशेषज्ञों के अनुसार, आज की इस चौतरफा तेजी के पीछे निम्नलिखित मुख्य कारण जिम्मेदार हैं:
1. अंतरराष्ट्रीय तनाव में कमी और वैश्विक संकेत
वैश्विक स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव (Geopolitical Tensions) में आई हल्की कमी ने अंतरराष्ट्रीय निवेशकों के मन से अनिश्चितता के बादल छांट दिए हैं। अमेरिकी और एशियाई बाजारों में लौटी स्थिरता ने भारतीय इक्विटी मार्केट को मजबूत सहारा दिया है।
2. कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में नरमी
भारत अपनी जरूरत का लगभग 85% कच्चा तेल आयात करता है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमतों में गिरावट और स्थिरता आना भारतीय अर्थव्यवस्था और कंपनियों के मार्जिन के लिए सीधा फायदा पहुँचाता है। क्रूड ऑयल में राहत मिलते ही ऑयल मार्केटिंग और ऑटो पेंट कंपनियों के शेयरों में लिवाली बढ़ गई।
3. भारी-भरकम दिग्गज शेयरों (Heavyweights) में लिवाली
बैंकिंग, आईटी और एफएमसीजी क्षेत्र के बड़े शेयरों में आज सुबह से ही खरीदारी का दौर देखने को मिला। एचडीएफसी बैंक, इंफोसिस, टीसीएस, और एशियन पेंट्स जैसे भारी वजन वाले शेयरों में आई तेजी ने सेंसेक्स और निफ्टी को ऊपर खींचने में मुख्य भूमिका निभाई।
4. इंडिया VIX में गिरावट (घटा उतार-चढ़ाव का डर)
बाजार में अनिश्चितता और जोखिम का पैमाना माना जाने वाला India VIX (Volatiltiy Index) आज शुरुआती कारोबार में 3% से अधिक टूट गया। VIX का नीचे आना यह दर्शाता है कि निवेशकों के भीतर का डर कम हो रहा है और उनका विश्वास लौट रहा है।
5. घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) का सहारा
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की हालिया बिकवाली के बावजूद घरेलू म्यूचुअल फंड्स और संस्थागत निवेशकों द्वारा निचले स्तरों पर की जा रही निरंतर खरीदारी ने बाजार को मजबूत निचला आधार प्रदान किया है।
सेक्टरवार प्रदर्शन: किन सेक्टर्स ने मारी बाजी?
आज के कारोबारी सत्र में लगभग सभी सेक्टोरल इंडेक्स हरे निशान में कारोबार कर रहे हैं।
- निफ्टी आईटी (Nifty IT): आईटी सेक्टर में 1% से अधिक की तेजी देखी गई। अमेरिकी टेक कंपनियों में सुधार के चलते इन्फोसिस, टीसीएस और टेक महिंद्रा में अच्छा उछाल दर्ज हुआ।
- निफ्टी एफएमसीजी (Nifty FMCG): कंज्यूमर गुड्स कंपनियों में मांग सुधरने की उम्मीद से एफएमसीजी इंडेक्स ने तेजी की अगुवाई की।
- निफ्टी बैंक (Nifty Bank): बैंकिंग और वित्तीय सेक्टर में भी अच्छी खरीदारी लौटी है। सरकारी और निजी क्षेत्र दोनों बैंकों के शेयरों में मजबूती दर्ज की गई।
टॉप गेनर्स और लूजर्स की सूची
कारोबार के दौरान बढ़त बनाने वाले और गिरावट झेलने वाले प्रमुख शेयर इस प्रकार रहे:
| शेयर का नाम | बदलाव (%) | स्थिति |
| एशियन पेंट्स (Asian Paints) | +2.8% | टॉप गेनर |
| इंडिगो (InterGlobe Aviation) | +2.5% | टॉप गेनर |
| इन्फोसिस (Infosys) | +1.8% | बढ़त में |
| हिंदुस्तान यूनिलीवर (HUL) | +1.6% | बढ़त में |
| टेक महिंद्रा (Tech Mahindra) | +1.4% | बढ़त में |
| आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank) | -0.4% | मामूली गिरावट |
| अल्ट्राटेक सीमेंट (UltraTech Cement) | -0.5% | मामूली गिरावट |
निवेशकों की संपत्ति में लगभग 4 लाख करोड़ का इजाफा
बाजार खुलते ही आई इस बंपर तेजी का सीधा फायदा शेयर बाजार में पैसा लगाने वाले रिटेल और संस्थागत निवेशकों को मिला है। बीएसई पर सूचीबद्ध सभी कंपनियों का कुल मार्केट कैप (Market Capitalisation) उछलकर नए रिकॉर्ड स्तरों की ओर बढ़ा है। महज शुरुआती एक घंटे के कारोबार के भीतर ही निवेशकों की संपत्ति में लगभग 4 लाख करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हो चुकी है।
बाजार विशेषज्ञों की राय: आगे क्या करें निवेशक?
शेयर बाजार के दिग्गजों और विश्लेषकों का मानना है कि आज की तेजी बाजार के लिए एक राहत भरी सांस है, लेकिन निवेशकों को अभी भी सतर्क रुख अपनाना चाहिए।
बाजार विश्लेषकों का कहना है:
“निफ्टी के लिए 23,800 – 23,900 का स्तर एक अहम रेजिस्टेंस के रूप में काम कर रहा था। यदि निफ्टी इस स्तर के ऊपर टिकने में कामयाब रहता है, तो आने वाले दिनों में यह तेजी 24,200 के स्तर तक जा सकती है। हालांकि, वैश्विक अनिश्चितताओं को देखते हुए निवेशकों को एकमुश्त पैसा लगाने के बजाय स्टैगर्ड (किश्तों में) तरीके से मजबूत मौलिक आधार (Strong Fundamentals) वाली कंपनियों में ही दांव लगाना चाहिए।”
निवेशकों के लिए जरूरी बातें
- स्टॉप लॉस का ध्यान रखें: इंट्राडे या शॉर्ट-टर्म ट्रेड करने वाले निवेशकों को सख्त स्टॉप-लॉस का इस्तेमाल करना चाहिए।
- गुणवत्तापूर्ण शेयरों पर ध्यान दें: बाजार में जब भी रैली आए, तो केवल लार्जकैप और मजबूत बैलेंस शीट वाली कंपनियों में ही निवेश का विकल्प चुनें।
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