देश की रक्षा सेवाओं में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने और सशक्तिकरण की दिशा में एक नया अध्याय जुड़ गया है। मोहाली स्थित माई भागो आर्म्ड फोर्सेस प्रेपरेटरी इंस्टीट्यूट फॉर गर्ल्स (MBAFPI) की 17 महिला कैडेट्स ने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) द्वारा आयोजित नेशनल डिफेंस एकेडमी (NDA) की लिखित परीक्षा में सफलता हासिल कर एक नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड स्थापित किया है।
यह किसी भी सरकारी संस्थान, सैनिक स्कूल अथवा राष्ट्रीय मिलिट्री स्कूल से एक साथ एनडीए की लिखित परीक्षा पास करने वाली महिला कैडेट्स की सबसे बड़ी संख्या है। इस अभूतपूर्व सफलता ने न केवल पंजाब का नाम पूरे देश में रोशन किया है, बल्कि उन हजारों युवा बेटियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनी है जो भारतीय सशस्त्र बलों में अधिकारी बनने का सपना देखती हैं।
6 प्रतिशत सीटों के कड़े मुकाबले में तोड़ा मिथक
यूनियन पब्लिक सर्विस कमीशन (UPSC) द्वारा आयोजित एनडीए प्रवेश परीक्षा देश की सबसे कठिन और प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं में से एक मानी जाती है। इसमें सीटों का आवंटन बेहद सीमित होता है; कुल उपलब्ध सीटों में से महिलाओं के लिए मात्र 6 प्रतिशत सीटें आरक्षित होती हैं, जबकि 94 प्रतिशत सीटें पुरुषों के लिए निर्धारित हैं।
इतने सीमित अवसर और राष्ट्रव्यापी कड़े मुकाबले के बावजूद, माई भागो इंस्टीट्यूट की 17 कैडेट्स ने अपनी कड़ी मेहनत, दृढ़ संकल्प और बेहतरीन मार्गदर्शन के बल पर यह इतिहास रचा है। यह परिणाम यह स्पष्ट संदेश देता है कि यदि सही प्रशिक्षण और अवसर मिले, तो भारत की बेटियां पुरुषों के वर्चस्व वाले क्षेत्रों में भी अपनी श्रेष्ठता साबित कर सकती हैं।
सफलता पाने वाली महिला कैडेट्स की सूची
राष्ट्रीय स्तर पर इतिहास रचने वाली इन सफल 17 कैडेट्स में शामिल हैं:
- तन्वी
- उर्वी
- सिमरनप्रीत कौर
- कोमलप्रीत कौर
- पहुलजीत कौर
- जसमीत कौर
- मुस्कानप्रीत कौर
- गरिमा
- अनीषा
- प्रण्या कारगवाल
- जशनदीप कौर
- समृद्धि
- अर्शकिरण कौर
- सहजप्रीत कौर
- जपनीत कौर
- खुशी
- जसलीन कौर
राज्य सरकार और मंत्रियों ने दी बधाई
इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए पंजाब के रोजगार सृजन, कौशल विकास और प्रशिक्षण मंत्री अमन अरोड़ा ने सभी कैडेट्स, उनके परिवारों और संस्थान के शिक्षकों को बधाई दी।
मंत्री अमन अरोड़ा का वक्तव्य:
“यह सिर्फ इन 17 युवा महिलाओं की जीत नहीं है, बल्कि पूरे पंजाब के लिए एक ऐतिहासिक क्षण है। यह परिणाम हमारी सरकार के उस दृष्टिकोण का प्रमाण है, जिसके तहत हम अपनी बेटियों को विश्वस्तरीय प्रशिक्षण देकर सशक्त बना रहे हैं। माई भागो आर्म्ड फोर्सेस प्रेपरेटरी इंस्टीट्यूट आज देश भर में उत्कृष्टता का एक मुख्य केंद्र बनकर उभर रहा है।”
क्या है माई भागो आर्म्ड फोर्सेस प्रेपरेटरी इंस्टीट्यूट?
मोहाली स्थित माई भागो आर्म्ड फोर्सेस प्रेपरेटरी इंस्टीट्यूट फॉर गर्ल्स (MBAFPI) पंजाब सरकार के रोजगार सृजन, कौशल विकास और प्रशिक्षण विभाग के तहत संचालित एक पूरी तरह से आवासीय संस्थान है।
संस्थान की प्रमुख विशेषताएं:
- आधुनिक बुनियादी ढांचा: कैडेट्स के लिए सर्वसुविधायुक्त आवासीय परिसर।
- समग्र विकास: स्कूली शिक्षा के साथ-साथ शारीरिक फिटनेस, व्यक्तित्व विकास और नेतृत्व क्षमता बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाता है।
- सशस्त्र बलों का अनुभव: भारतीय सेना, नौसेना और वायु सेना के सेवानिवृत्त वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा रणनीतिक और व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाता है।
- एनडीए विंग की शुरुआत: पंजाब सरकार द्वारा लड़कियों के लिए समर्पित एनडीए तैयारी विंग की शुरुआत की गई थी, जिसने बेहद कम समय में यह अभूतपूर्व परिणाम दिया है।
अगला पड़ाव: एसएसबी (SSB) इंटरव्यू की तैयारी
लिखित परीक्षा में सफलता प्राप्त करने के बाद, इन सभी 17 कैडेट्स का अगला पड़ाव सेवा चयन बोर्ड (SSB) का साक्षात्कार और चिकित्सीय (Medical) परीक्षण होगा। एसएसबी इंटरव्यू पांच दिनों की एक गहन प्रक्रिया होती है, जिसमें उम्मीदवारों की मानसिक क्षमता, नेतृत्व गुण, टीम वर्क और शारीरिक दक्षता का परीक्षण किया जाता है।
संस्थान के अधिकारियों का कहना है कि लिखित परीक्षा के नतीजों के बाद अब इन कैडेट्स को एसएसबी इंटरव्यू के लिए विशेष मॉक सेशन, ग्रुप डिस्कशन और साइकोलॉजिकल टेस्ट की तैयारी कराई जा रही है, ताकि वे खड़कवासला (पुणे) स्थित नेशनल डिफेंस एकेडमी में अपना स्थान पक्का कर सकें।
रक्षा क्षेत्र में महिलाओं के लिए बढ़ता दायरा
पिछले कुछ वर्षों में भारतीय सशस्त्र बलों में महिलाओं के प्रवेश के दरवाजे तेजी से खुले हैं। सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक आदेश के बाद महिलाओं को एनडीए परीक्षा में बैठने की अनुमति मिली थी। तब से लेकर आज तक हर वर्ष महिला उम्मीदवारों की भागीदारी और सफलता का प्रतिशत बढ़ा है। माई भागो इंस्टीट्यूट का यह रिकॉर्ड इस बात का प्रत्यक्ष प्रमाण है कि पंजाब और देश के अन्य हिस्सों की लड़कियां रक्षा सेवाओं में स्थायी कमीशन और नेतृत्वकारी भूमिका निभाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
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