पीएम मोदी और आर्मेनियाई पीएम की बिश्केक में ऐतिहासिक मुलाकात: रक्षा और व्यापार पर बड़ा समझौता

शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के 26वें शिखर सम्मेलन के दौरान किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और आर्मेनिया के प्रधानमंत्री निकोल पाशिन्यान के बीच एक अहम द्विपक्षीय बैठक हुई। 31 अगस्त 2026 को हुई इस मुलाकात ने भारत और आर्मेनिया के बीच तेजी से मजबूत हो रही रणनीतिक साझेदारी को एक नई दिशा दी है। दोनों नेताओं ने रक्षा, व्यापार, अंतरिक्ष, प्रौद्योगिकी और पश्चिम एशिया के मौजूदा हालात सहित कई महत्वपूर्ण वैश्विक मुद्दों पर व्यापक चर्चा की।

मुलाकात के मुख्य बिंदु और समझौते

  • रक्षा साझेदारी में मजबूती: बैठक का सबसे अहम हिस्सा रक्षा क्षेत्र रहा। हाल के वर्षों में आर्मेनिया भारतीय सैन्य उपकरणों (जैसे पिनाका मल्टी-बैरल रॉकेट लॉन्चर, स्वाति रडार, आकाश एयर डिफेंस सिस्टम और ATAGS) का एक प्रमुख खरीदार बनकर उभरा है। दोनों नेताओं ने इस रक्षा सहयोग को और अधिक विस्तार देने पर सहमति जताई।
  • आर्थिक और व्यापारिक विस्तार: पीएम मोदी ने स्पष्ट किया कि भारत फार्मास्यूटिकल्स, सूचना प्रौद्योगिकी (IT), अंतरिक्ष अनुसंधान और खनन जैसे क्षेत्रों में आर्मेनिया के साथ व्यापार और निवेश संबंधों को गहरा करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
  • पश्चिम एशिया संकट पर मंथन: वैश्विक भू-राजनीतिक उथल-पुथल के बीच, दोनों राष्ट्राध्यक्षों ने पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव पर गहरी चिंता व्यक्त की। पीएम मोदी ने कूटनीति और शांतिपूर्ण बातचीत के जरिए क्षेत्रीय स्थिरता कायम करने की भारत की कूटनीतिक प्रतिबद्धता को दोहराया।
  • आर्मेनिया-अजरबैजान शांति समझौता: प्रधानमंत्री पाशिन्यान ने पीएम मोदी को आर्मेनिया और अजरबैजान के बीच चल रहे शांति समझौते की वर्तमान स्थिति से भी अवगत कराया।
पीएम मोदी और आर्मेनियाई पीएम

भारत-आर्मेनिया संबंधों का कूटनीतिक महत्व

यूरेशिया और काकेशस क्षेत्र में भारत की बढ़ती कूटनीतिक पहुंच के लिहाज से आर्मेनिया एक बेहद महत्वपूर्ण साझेदार है। जून 2026 में आर्मेनिया के आम चुनावों में निकोल पाशिन्यान की जीत के बाद दोनों नेताओं की यह पहली व्यक्तिगत मुलाकात थी। इससे पहले जून में दोनों के बीच टेलीफोन पर बातचीत हुई थी, जिसमें पीएम मोदी ने चुनाव जीतने पर पाशिन्यान को बधाई दी थी और पश्चिम एशिया में फंसे भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकालने में आर्मेनिया द्वारा की गई मदद के लिए उनका आभार व्यक्त किया था।

बिश्केक में पीएम मोदी के अन्य महत्वपूर्ण कार्यक्रम

SCO समिट से इतर पीएम मोदी की यह कूटनीतिक यात्रा कई अन्य मायनों में भी खास रही:

  • महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि: बिश्केक पहुंचने के बाद पीएम मोदी ने सबसे पहले राजधानी में स्थित महात्मा गांधी के स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित की। इस प्रतिमा का अनावरण स्वयं पीएम मोदी ने 2015 की अपनी किर्गिस्तान यात्रा के दौरान किया था।
  • भारतीय समुदाय से संवाद: उन्होंने बिश्केक में रह रहे प्रवासी भारतीयों, योग साधकों, शिक्षाविदों और शोधकर्ताओं से मुलाकात की। इस दौरान स्थानीय समुदाय की ओर से उन्हें ‘मानस: किर्गिज वीरगाथा काव्य’ नामक पुस्तक भी भेंट की गई।
  • अन्य राष्ट्राध्यक्षों से मुलाकात: आर्मेनिया के प्रधानमंत्री के अलावा पीएम मोदी ने ईरान के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ भी अहम द्विपक्षीय वार्ताएं कीं, जिसमें क्षेत्रीय शांति और व्यापार को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया।

भविष्य की राह

भारत और आर्मेनिया के ऐतिहासिक संबंध अब एक मजबूत रणनीतिक गठबंधन में बदल चुके हैं। 1991 में आर्मेनिया की स्वतंत्रता के बाद से ही दोनों देशों के बीच सौहार्दपूर्ण रिश्ते रहे हैं, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में ‘मेक इन इंडिया’ रक्षा उपकरणों के निर्यात ने इस दोस्ती को नई ऊंचाइयों पर पहुंचा दिया है। बिश्केक में हुई यह नवीनतम मुलाकात इस बात का स्पष्ट संकेत है कि आने वाले समय में रक्षा, अंतरिक्ष और द्विपक्षीय व्यापार के क्षेत्र में यह साझेदारी दोनों देशों के लिए मील का पत्थर साबित होगी।

यह भी पढ़ें: नेपाल जल प्रलय: तिब्बत में चीन की ‘कोविड स्टाइल’ सेंसरशिप, सच दिखाने पर जेल

Author

  • Rahul Kaushik

    Senior Editor

    राहुल कौशिक एक युवा पत्रकार एवं मीडिया लेखक हैं, जो समसामयिक घटनाओं, तकनीक, शिक्षा, ऑटोमोबाइल, डिजिटल ट्रेंड्स और जनहित से जुड़े विषयों पर निष्पक्ष एवं प्रभावशाली लेखन के लिए जाने जाते हैं। उन्हें समाचार जगत में तेजी से बदलते विषयों को सरल और स्पष्ट भाषा में पाठकों तक पहुँचाने में विशेष रुचि है।

    पत्रकारिता के क्षेत्र में राहुल कौशिक की लेखन शैली तथ्यात्मक, सहज और पाठकों को जानकारी के साथ जागरूक करने वाली मानी जाती है। वे विशेष रूप से युवा वर्ग, डिजिटल इंडिया, नई तकनीकों और सामाजिक मुद्दों से संबंधित विषयों पर सक्रिय रूप से कार्य करते हैं।

    राहुल कौशिक का उद्देश्य विश्वसनीय, उपयोगी और सकारात्मक पत्रकारिता के माध्यम से पाठकों तक सही जानकारी पहुँचाना तथा समाज में जागरूकता को बढ़ावा देना है।

Leave a Comment