विश्व एथलेटिक्स अंडर-20 चैंपियनशिप (World Athletics U20 Championships) का समापन भारत के लिए एक मिली-जुली याद के साथ हुआ है। प्रतियोगिता के अंतिम चरण में भारतीय खेल प्रेमियों को नेशनल सीनियर रिकॉर्ड होल्डर हाई जम्पर पूजा सिंह और महिला 4×400 मीटर रिले टीम से पदक की बड़ी उम्मीदें थीं। हालांकि, दोनों ही स्पर्धाओं में भारतीय एथलीटों का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। इसके साथ ही भारत ने इस वैश्विक प्रतियोगिता में कुल तीन पदक (दो रजत और एक कांस्य) जीतकर अपने अभियान का अंत किया।
पूजा सिंह का फाइनल में साधारण प्रदर्शन
19 वर्षीय हाई जम्पर पूजा सिंह, जिनसे देश को स्वर्ण या रजत पदक की उम्मीद थी, फाइनल मुकाबले में अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के आसपास भी नहीं पहुंच सकीं। पूजा ने 1.84 मीटर की कूद तो सफलतापूर्वक पूरी की, लेकिन इसके बाद वह 1.87 मीटर की ऊंचाई को तीन प्रयासों में पार करने में विफल रहीं।
पूजा सिंह के पास 1.93 मीटर का राष्ट्रीय रिकॉर्ड दर्ज है, जो उन्होंने इस वर्ष हांगकांग में आयोजित एशियाई अंडर-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप के दौरान बनाया था। अपने इस रिकॉर्ड स्तर के काफी नीचे रहने के कारण उन्हें फाइनल में सातवें स्थान से ही संतोष करना पड़ा।
हाई जंप स्पर्धा का स्वर्ण पदक ऑस्ट्रेलिया की इजोबेल लुईसन-रो ने 1.92 मीटर की छलांग लगाकर अपने नाम किया। वहीं हंगरी की लिलियाना बातोरी (1.90 मीटर) ने रजत और स्पेन की ऐटाना अलोंसो (1.90 मीटर) ने कांस्य पदक जीता।
महिला 4×400 मीटर रिले टीम अंतिम स्थान पर रही
ट्रैक इवेंट्स में भारतीय महिला 4×400 मीटर रिले टीम का प्रदर्शन भी काफी निराशाजनक रहा। फाइनल रेस में भूमिका नेहाते, तहुरा खातून, तनु चौधरी और थिया अरुमुगम की भारतीय चौकड़ी ने 3 मिनट 45.28 सेकंड का समय निकाला और नौवें यानी अंतिम स्थान पर रही।
इस स्पर्धा में अमरीका की टीम ने 3:29.15 के समय के साथ स्वर्ण पदक जीता। ऑस्ट्रेलिया ने 3:31.39 का समय निकालकर रजत और ग्रेट ब्रिटेन ने 3:32.08 के समय के साथ कांस्य पदक हासिल किया।

भारत को मिले कुल 3 पदक: पिछले संस्करणों की बराबरी
भले ही आखिरी दिन निराशा हाथ लगी हो, लेकिन ओवरऑल प्रदर्शन के मामले में भारत ने इस चैंपियनशिप में 3 पदक अपने नाम किए। भारत के पदक विजेताओं में:
- आशीष यादव: पुरुषों की भाला फेंक (Javelin Throw) स्पर्धा में रजत पदक।
- बसंत कुमार मेघवाल: पुरुषों की हाई जंप स्पर्धा में व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के साथ रजत पदक।
- शहनवाज खान: लंबी कूद (Long Jump) / अन्य ट्रैक एंड फील्ड स्पर्धा में भारत के लिए कांस्य पदक।
कुल दो रजत और एक कांस्य पदक के साथ भारत ने 2021 और 2022 के अंडर-20 विश्व चैंपियनशिप के अपने पदक तालिका रिकॉर्ड की बराबरी की है।
भारतीय एथलेटिक्स के लिए सीख और आगे का रास्ता
विश्व स्तरीय मंचों पर युवा भारतीय एथलीटों का लगातार पदक जीतना देश में एथलेटिक्स के बढ़ते स्तर को दर्शाता है। आशीष यादव और बसंत कुमार मेघवाल जैसे युवा खिलाड़ियों ने दबाव के क्षणों में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देकर दुनिया के सामने भारत का लोहा मनवाया।
दूसरी ओर, पूजा सिंह और रिले टीम के प्रदर्शन से यह भी स्पष्ट होता है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निरंतरता बनाए रखने के लिए एथलीटों को मानसिक मजबूती और दबाव प्रबंधन पर अधिक काम करने की आवश्यकता है। हालांकि, इन युवा खिलाड़ियों के लिए यह अनुभव भविष्य की बड़ी प्रतियोगिताओं, जैसे एशियाई खेल और ओलंपिक, के लिए बेहद मददगार साबित होगा।
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